✦ ॥ नमो तस्स भगवतो अरहतो सम्मासम्बुद्धस्स ॥ ✦

चक्रवर्ती सम्राट

  • ३. पुण्य

    ३. पुण्य

    📂 ग्रन्थ / पुण्य

    “हे गोतम! क्या कारण एवं परिस्थिति से कुछ सत्व मरणोपरांत काया छूटने पर सद्गति होकर स्वर्ग उपजते हैं?”

  • १७. महासुदस्सन सुत्त

    १७. महासुदस्सन सुत्त

    📂 सुत्तपिटक / दीघनिकाय

    भगवान बुद्ध के एक पूर्वजन्म की प्रेरणादायी और रोमांचकारी कथा, जिसमें वे एक महान चक्रवर्ती सम्राट बने। सुदर्शन महाराज की महानता उनकी सहजता में घुल-मिलकर इस जातक कथा को अत्यंत रोचक और कभी न भूलनेवाली बनाती है।

  • २६. चक्कवत्ति सुत्त

    २६. चक्कवत्ति सुत्त

    📂 सुत्तपिटक / दीघनिकाय

    दुनिया का पतन भी अनेक चरणों में होता है, और दुनिया का उद्धार भी। पतन और उद्धार के इस प्रक्रिया के बीच बुद्ध अवतरित होते हैं। आगे, मेत्तेय बुद्ध भी आएंगे।

  • ३०. लक्खणसुत्त

    ३०. लक्खणसुत्त

    📂 सुत्तपिटक / दीघनिकाय

    पहले ब्राह्मणों के वेदों में ‘बत्तीस महापुरुष लक्षण’ का लंबा विवरण दर्ज था, जो आज दिखाई नहीं देता। यह सूत्र बताता है कि बुद्ध के पूर्वजन्म में किस कर्म के परिणामस्वरूप आज कौन-सा लक्षण उपजा।